नई दिल्ली/इंफाल: मणिपुर में करीब एक साल से जारी राष्ट्रपति शासन समाप्त होने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता युमनाम खेमचंद सिंह को मंगलवार को विधायक दल का नेता चुन लिया गया, जिसके बाद उनके राज्य का अगला मुख्यमंत्री बनने का रास्ता साफ हो गया है। जल्द ही उनके नेतृत्व में मणिपुर में नई सरकार का गठन किया जाएगा।
गौरतलब है कि फरवरी 2025 में तत्कालीन मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह के इस्तीफे और राज्य में फैली हिंसा के बाद मणिपुर में राष्ट्रपति शासन लगाया गया था। अब राजनीतिक सहमति बनने के साथ राज्य में लोकतांत्रिक सरकार की वापसी होने जा रही है।
युमनाम खेमचंद सिंह मणिपुर की राजनीति का जाना-पहचाना चेहरा हैं। वे 2017 और 2022 में सिंगजामेई विधानसभा सीट से विधायक चुने गए थे और एन. बीरेन सिंह की सरकार में मंत्री के रूप में भी कार्य कर चुके हैं। उनके पास ग्रामीण विकास और पंचायती राज जैसे अहम विभागों की जिम्मेदारी रही है। इसके अलावा वे मणिपुर विधानसभा के अध्यक्ष (स्पीकर) भी रह चुके हैं, जहां उनकी निष्पक्ष कार्यशैली की सराहना होती रही है।
अनुभवी और कद्दावर नेता माने जाने वाले युमनाम खेमचंद सिंह के मुख्यमंत्री बनने से राज्य में राजनीतिक स्थिरता और प्रशासनिक मजबूती की उम्मीद जताई जा रही है, खासकर उस दौर में जब मणिपुर शांति और पुनर्निर्माण की प्रक्रिया से गुजर रहा है।



