पटना: बिहार के पथ निर्माण मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल ने रविवार को राज्य की 53 राष्ट्रीय उच्च पथ (NH) परियोजनाओं की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) की समीक्षा की। समीक्षा में अनिसाबाद-एम्स एलिवेटेड कारिडोर, विक्रमशिला सेतु, औरंगाबाद फोरलेन बाईपास, सिंहेश्वर बाइपास, अरवल-बिहार शरीफ सड़क परियोजना और रेलवे ओवर ब्रिज सहित कुल 52 परियोजनाओं पर चर्चा हुई, जिनकी कुल लागत 33,464 करोड़ रुपये है।
मंत्री ने निर्देश दिया कि राम-जानकी मार्ग (मशरख-चकिया-भिट्ठा मोड़) के DPR के लिए अलग टीम बनाई जाए ताकि परियोजना शीघ्र धरातल पर लाई जा सके। उन्होंने सभी स्तरों पर समयबद्धता सुनिश्चित करने के लिए साप्ताहिक प्रगति रिपोर्ट देने का भी आदेश दिया। डॉ. जायसवाल ने कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और बाईपास निर्माण 25 वर्ष आगे की सोच के साथ किया जाए।
उन्होंने स्पष्ट किया कि बाईपास शहर से दूर हो और आबादी एवं यातायात को प्राथमिकता देते हुए निर्माण सुनिश्चित किया जाए। इसके अलावा, DPR तैयार करने में आ रही बाधाओं को संबंधित अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित कर जल्दी दूर करने का निर्देश भी दिया गया।



