पूर्णिया, आनंद यादुका: लगातार 19 वर्षों तक निःस्वार्थ भाव से शिक्षा की अलख जगाने वाले चर्चित शिक्षक नवीन कुमार सिंह अपने सेवाकाल से सेवानिवृत्त हो गए। अपने पूरे कार्यकाल के दौरान उन्होंने न तो कभी अनुपस्थिति दर्ज कराई और न ही एक दिन की छुट्टी ली। उनका यह अनुकरणीय समर्पण शिक्षा जगत के लिए एक मिसाल के रूप में देखा जा रहा है। वर्ष 2007 में शिक्षक पद पर बहाल हुए नवीन कुमार सिंह प्राथमिक विद्यालय असकतिया में कार्यरत रहे। विद्यार्थियों के प्रति उनका स्नेह और लगाव इतना गहरा था कि उन्होंने बच्चों को ही अपना परिवार मान लिया।
शिक्षा के प्रति पूर्ण समर्पण के कारण उन्होंने आजीवन अविवाहित रहकर अपना संपूर्ण जीवन विद्यार्थियों के भविष्य निर्माण में समर्पित कर दिया। उनके सेवानिवृत्त होने के अवसर पर प्राथमिक विद्यालय असकतिया परिसर में एक भव्य सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। समारोह में क्षेत्र के प्रबुद्ध नागरिकों के साथ-साथ अनेक गणमान्य शिक्षक एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। इस दौरान छात्रों, शिक्षकों और विद्यालय परिवार द्वारा उन्हें शॉल, पुष्पगुच्छ एवं स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया।
अपने प्रिय विद्यार्थियों और सहकर्मियों से विदाई लेते समय शिक्षक नवीन कुमार सिंह भावुक हो उठे। उनकी आंखें नम थीं और पूरा विद्यालय परिसर एक भावनात्मक माहौल में डूबा नजर आया। उपस्थित लोगों ने उनके समर्पण और त्याग की मुक्तकंठ से सराहना की। इस अवसर पर विद्यालय प्रधान सोनी कुमारी, शिक्षक सुधीर कुमार गुप्ता, भवेश कुमार सिंह, सुनील कुमार मंडल, रमेन्द्र कुमार रवि सहित विद्यालय शिक्षा समिति के अध्यक्ष एवं सचिव भी मौजूद थे। सभी ने एक स्वर में कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में नवीन कुमार सिंह का योगदान सदैव स्मरणीय रहेगा और भावी पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत बना रहेगा।



