पूर्णिया: Better Health गर्भाशय ग्रीवा (सर्वाइकल) कैंसर महिलाओं में होने वाला सबसे घातक लेकिन पूरी तरह रोके जाने योग्य कैंसर है। इसे रोकने के लिए HPV वैक्सीन सबसे प्रभावी और सुरक्षित उपाय है, बशर्ते समाज में फैले मिथकों को वैज्ञानिक तथ्यों से दूर किया जाए। इसी उद्देश्य से यूनिसेफ बिहार और स्वास्थ्य विभाग ने मंगलवार को पूर्णिया के होटल सेंटर प्वाइंट में पूर्णिया प्रमंडल के चारों जिलों के मीडिया कर्मियों के लिए एक दिवसीय मंडल-स्तरीय उन्मुखीकरण कार्यशाला का आयोजन किया। कार्यशाला में क्षेत्रीय अपर निदेशक (स्वास्थ्य) डॉ. प्रमोद कुमार कनौजिया ने कहा कि सर्वाइकल कैंसर के प्रति जागरूकता की कमी और गलत धारणाओं के कारण हर साल हजारों महिलाएँ असमय काल का ग्रास बन रही हैं।
मीडिया ही वह माध्यम है जो सही जानकारी को घर-घर तक पहुँचा सकता है। यूनिसेफ की संचार विशेषज्ञ डॉ. पूजा ने HPV टीके को लेकर फैली भ्रांतियों को दूर करने पर जोर दिया, जबकि यूनिसेफ के स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अंशुमन ने बताया कि समय पर टीकाकरण से इस कैंसर को 90 प्रतिशत तक रोका जा सकता है।<br>कार्यशाला में मीडिया रिपोर्टिंग टूलकिट, क्रिटिकल एप्रीज़ल स्किल्स और तथ्य-आधारित स्वास्थ्य पत्रकारिता पर विस्तृत प्रशिक्षण दिया गया। किशनगंज के जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी डॉ. देवेंद्र कुमार और यूनिसेफ के स्टेट सीएपी कंसल्टेंट शादाब मलिक ने पत्रकारों से अपील की कि वे HPV टीके की सुरक्षा व प्रभावशीलता को जन-जन तक पहुँचाएँ और अफवाहों को बढ़ावा न दें।
दोपहर में समूह कार्य के दौरान मीडिया कर्मियों ने सर्वाइकल कैंसर और HPV टीकाकरण पर नमूना रिपोर्ट तैयार कीं। समापन में यूनिसेफ के क्षेत्रीय कार्यक्रम प्रबंधक मोहम्मद कैशर इकबाल ने इसे महिलाओं के स्वास्थ्य सुरक्षा की दिशा में एक सामूहिक संकल्प बताया। पूर्णिया, कटिहार, किशनगंज और अररिया जिलों के सिविल सर्जन, जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी, डीपीएम और बड़ी संख्या में प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक तथा डिजिटल मीडिया के प्रतिनिधियों ने कार्यशाला में हिस्सा लिया। सभी ने एक स्वर में HPV टीकाकरण को बढ़ावा देने और मिथकों को दूर करने का संकल्प लिया।

