प्रखंड के श्रीमाता गांव में श्रीरामलला के प्राण-प्रतिष्ठा की द्वितीय वर्षगांठ पर शोभा यात्रा निकाली गई, इसमें 1001 महिलाओं ने भाग लिया । सभी महिला गांव स्थित मां दुर्गा की पूजा-पाठ कर, माथे पर कलश लेकर बलियाघाट के कारी कोसी नदी से जल भरकर, पुनः मां दुर्गा के चरणों में सौंपा ।
इस संबंध में ग्रामीण बबजन मुनि आदि ने बताया कि भगवान श्रीराम के अयोध्या में श्रीराम मंदिर बनने के अवसर पर यहां काफी हर्ष फैला था तथा यहां भी पहली पूजा बडे ही श्रद्धा एवं विश्वास के साथ की गई थी । गांव के लोगों ने पूर्व से ही निर्णय लिया था कि जब भगवान श्रीराम का मंदिर अयोध्या में बनेगा, तब यहां प्रत्येक वर्ष भगवान श्रीराम मंदिर के उपलक्ष्य में शोभा यात्रा निकाली जाएगी तथा पूजा-पाठ की जाएगी ।
इसमें गांव के सभी महिला-पुरूष बडे ही श्रद्धाभाव से शोभा यात्रा में शामिल होते हैं तथा पूजा-पाठ करते हैं । उन्होंने कहा कि अब यह सिलसिला निरंतर चलता रहेगा । इससे लोगों में अध्यात्म के प्रति श्रद्धाभाव पैदा होती है तथा नैतिकता जगती है । इस अवसर पर आयोजक के रूप में अमित साह, मन्नु कुमार, सूरज कुमार, रंजीत मंडल, मंजय कुमार पासवान, सन्नी कुमार, विपीन कुमार, शशि कुमार सहित सैकडो की संख्या में श्रद्धालु उपस्थि थे ।



