PURNIA NEWS,अभय कुमार सिंह : गोडियर गांव पर एक बार फिर दुख का पहाड़ टूट पड़ा है। तमिलनाडु में एक राजमिस्त्री की मौत से सदमे में डूबा यह गांव अभी संभल भी नहीं पाया था कि गुजरात से एक और प्रवासी युवक की मौत की खबर आ गई। 23 वर्षीय साकेत कुमार सिंह, जो कई वर्षों से गुजरात की एक ट्रांसफार्मर बनाने वाली फैक्ट्री में कार्यरत था, सोमवार की रात रहस्यमय परिस्थितियों में लापता हो गया। देर रात तक खोजबीन के बाद मंगलवार की सुबह उसका शव नाले से बरामद हुआ, जिसके नाक और कान से खून निकल रहा था। रिश्तेदारों के अनुसार, साकेत को रात में एक अज्ञात कॉल आया था, जिसके बाद वह यह कहकर निकला कि फैक्ट्री जा रहा है। लेकिन जब वह देर तक नहीं लौटा तो खोजबीन शुरू हुई। सुबह नाले में शव मिलने के बाद गांव में कोहराम मच गया। परिजनों का कहना है कि साकेत का किसी से कोई विवाद नहीं था, ऐसे में उसकी मौत रहस्यमय प्रतीत हो रही है।
गांव में मातम का माहौल है, मां मीरा देवी और पिता ललन कुमार सिंह समेत पूरा परिवार बेसुध है। गांव की मुखिया आरती देवी ने सरकार से घटना की उच्चस्तरीय जांच की मांग की है। स्वजनों और ग्रामीणों का कहना है कि साकेत घर का इकलौता कमाने वाला सदस्य था, उसकी मौत से परिवार पर आर्थिक संकट गहराने लगा है। गांववाले कह रहे हैं कि दो दिनों के भीतर दो-दो मजदूरों की परदेस में मौत ने पूरे गोडियर गांव को हिला दिया है। हर ओर चीख-पुकार मची हुई है और लोग सवाल उठा रहे हैं कि आखिर प्रवासी मजदूरों की सुरक्षा को लेकर राज्य और केंद्र सरकार की जिम्मेदारी कब तय होगी।




