पूर्णिया, अभय कुमार सिंह: वसंतपुर पंचायत क्षेत्र स्थित गदीघाट के गौरवशाली इतिहास को फिर से जीवंत करने की पहल शुरू हो गई है। पूर्व मुखिया रामचंद्र पंडित ने बताया कि अगले वर्ष से पौष पूर्णिमा के अवसर पर ऐतिहासिक मेले के पुनः आयोजन की योजना है और माता कौशल्या के उपेक्षित व खंडहर में तब्दील मंदिर का या तो जीर्णोद्धार कराया जाएगा या फिर भव्य नए मंदिर का निर्माण होगा।
पूर्णिया-कटिहार जिला सीमा पर कोसी की पुरानी धारा के किनारे स्थित यह स्थल कभी आस्था और सांस्कृतिक गतिविधियों का बड़ा केंद्र हुआ करता था, जहां सोनपुर मेले की तर्ज पर एक माह तक विशाल मेला लगता था। 80 के दशक तक गदीघाट के जमींदार और प्रथम विधायक मोहितलाल पंडित के परिवार तथा कटिहार प्रशासन के सहयोग से यह मेला आयोजित होता रहा, लेकिन समय के साथ अतिक्रमण और उपेक्षा के कारण इसका अस्तित्व समाप्त हो गया।
पूर्व मुखिया ने बताया कि गांव के पूरब निर्माणाधीन पुल के पूर्ण होते ही इस ऐतिहासिक परंपरा को पुनर्जीवित करने की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे, जिसके लिए उन्होंने अपनी निजी जमीन भी चिन्हित कर ली है। इसी भूमि पर मेला और माता कौशल्या का मंदिर बनाया जाएगा। कभी शाही अंदाज में उद्घाटित होने वाला यह मेला आज भले ही इतिहास बन चुका हो, लेकिन क्षेत्र के लोगों को उम्मीद है कि जल्द ही गदीघाट फिर से श्रद्धा, संस्कृति और उत्सव का केंद्र बनेगा।



