अररिया, प्रिंस कुमार: Araria News अररिया आरएस थाना क्षेत्र के उत्क्रमित मध्य विद्यालय ईटहरा में सोमवार को उस समय तनाव फैल गया, जब स्कूल की छात्रा से कथित तौर पर अश्लील हरकत और छेड़खानी के आरोप में ग्रामीणों ने प्रिंसिपल समसुल होदा को घंटों तक स्कूल के एक कमरे में बंधक बनाए रखा। बाद में, पुलिस के हस्तक्षेप के बावजूद, आक्रोशित भीड़ ने आरोपी प्रिंसिपल की जमकर पिटाई कर दी।
चॉकलेट का प्रलोभन और अश्लील हरकत का आरोप
स्थानीय पार्षद श्याम कुमार मंडल ने मौके पर पहुंचकर बताया कि ग्रामीणों की शिकायत है कि प्रिंसिपल समसुल होदा भोली-भाली छात्राओं को चॉकलेट आदि का प्रलोभन देकर उनके साथ छेड़खानी और अश्लील हरकत करता रहा है।
घटना का विवरण: पार्षद और ग्रामीणों ने जानकारी दी कि आरोपी प्रिंसिपल ने स्कूल की एक छात्रा को चॉकलेट का लालच देकर उसके साथ अश्लील हरकत करने की कोशिश की और गलत नीयत से उसके शरीर को स्पर्श किया।
शिकायत: छात्रा ने इसका विरोध किया और घर जाकर अपने अभिभावकों को प्रिंसिपल की करतूतों की जानकारी दी।
इसके बाद, अभिभावकों ने ग्रामीणों को साथ लेकर स्कूल पहुंचे और आरोपी प्रिंसिपल को उसके प्रधानाचार्य कक्ष में ही ताला लगाकर बंधक बना दिया।
पुलिस के सामने भी हुई पिटाई
प्रिंसिपल को बंधक बनाए जाने की सूचना मिलते ही आरएस थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस बल ने कमरे का ताला खुलवाकर आरोपी प्रिंसिपल को अपने साथ थाने ले जाने की कोशिश की।
लेकिन, बाहर खड़ी सैकड़ों की संख्या में आक्रोशित भीड़ ने पुलिस के चंगुल में रहे प्रिंसिपल समसुल होदा की जमकर पिटाई करनी शुरू कर दी। किसी तरह पुलिस बल ने आरोपी प्रिंसिपल को भीड़ की पिटाई से बचाते हुए उसे अपने साथ थाना लेकर गई। स्थानीय पार्षद और ग्रामीणों ने आक्रोशित लोगों को समझा-बुझाकर शांत कराया।
📜 पूर्व में भी लगे थे आरोप
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि प्रिंसिपल द्वारा बराबर स्कूल की छात्राओं के साथ इस तरह की हरकत की जाती रही है और इससे पहले भी उसकी पिटाई हुई थी, बावजूद इसके शिक्षा विभाग द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की गई।
मौके पर पहुंचे आरएस थाना के पुलिस पदाधिकारी अंकुर कुमार ने बताया कि आरोपी प्रिंसिपल को बंधक बनाए जाने की सूचना पर मुक्त करा लिया गया है। उन्होंने लिखित शिकायत अप्राप्त होने की बात करते हुए कहा कि शिकायत मिलने पर आरोपी प्रिंसिपल के खिलाफ विधि सम्मत कार्रवाई की जाएगी। इधर, थाना में आरोपी प्रिंसिपल ने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को बेबुनियाद करार दिया और कहा कि वह बच्चियों को चॉकलेट और अन्य सामान केवल उन्हें प्रोत्साहित करने के लिए देते थे।



