PURNIA NEWS : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की स्वर्गीय माता पर कांग्रेस और आरजेडी नेताओं की कथित अभद्र टिप्पणी के विरोध में आज बिहार बंद का व्यापक असर पूर्णिया समेत पूरे राज्य में देखने को मिला। सुबह से ही आर.एन. साह चौक, गुलाबबाग, लाइन बाजार और बाईपास रोड समेत प्रमुख इलाकों में दुकानों के शटर गिरे रहे और सड़कों पर वाहनों का आवागमन थम गया। एनडीए महिला मोर्चा, भाजपा युवा मोर्चा, जदयू और विश्व हिंदू युवा वाहिनी संघ के कार्यकर्ता एकजुट होकर सड़क पर उतरे। महिलाओं और युवाओं ने बैनर-पोस्टर लेकर जोरदार नारे लगाए— “माता का अपमान नहीं सहेंगे, हर माँ का सम्मान करेंगे।
विश्व हिंदू युवा वाहिनी संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष आशीष गोस्वामी ने स्वयं आंदोलन का नेतृत्व करते हुए कहा—
“प्रधानमंत्री की माता पर अभद्र टिप्पणी, भारत माता का अपमान है। कांग्रेस और आरजेडी को देश की जनता कभी माफ नहीं करेगी। युवा जदयू जिला अध्यक्ष राजू मंडल ने कहा कि यह अपमान हर भारतीय की माता का है। भाजपा युवा मोर्चा जिला अध्यक्ष सुमित सिंह ने विपक्ष को ‘गाली-गलौज की राजनीति’ करने वाला बताया। भाजपा नेता डॉ. संजीव कुमार ने कहा यह लड़ाई मातृत्व और संस्कृति की रक्षा की है। बंद को सफल बनाने में भाजपा जिला अध्यक्ष मनोज सिंह, पूर्णिया जिला अध्यक्ष विजय कुमार, जिला मीडिया प्रभारी गुरुदेव कुमार महाल्दार, जिला कार्यालय प्रभारी विशाल यादव, जिला आईटी सेल प्रभारी नीतीश कुमार, कसबा प्रखंड अध्यक्ष धर्मेंद्र सिंह, उपाध्यक्ष रजकिशोर कुमार, जलालगढ़ पंचायत अध्यक्ष आनंद सिंह, नगर मंत्री राजा पासवान, वार्ड अध्यक्ष बिट्टू पासवान, जिला मंत्री सोमनाथ कुमार, कार्यकारिणी सदस्य तनु सिंह और निक्कू सिंह समेत बड़ी संख्या में पदाधिकारी मौजूद रहे। कटिहार जिला अध्यक्ष गुड्डू कुमार ने भी कार्यकर्ताओं को संबोधित किया और कांग्रेस-आरजेडी पर हमला बोला। एनडीए महिला मोर्चा कार्यकर्ताओं ने इस आंदोलन में अग्रणी भूमिका निभाई और महिलाओं की बड़ी भागीदारी ने आंदोलन को नई ऊँचाई दी।
प्रदेश मीडिया प्रभारी प्रकाश कुमार ने कहा—प्रधानमंत्री मोदी जी केवल एक नेता नहीं, बल्कि करोड़ों भारतीयों की आस्था का केंद्र हैं। उनकी माता का अपमान, भारतीय संस्कृति पर हमला है। इसका जवाब जनता 2025 के चुनाव में वोट की चोट से देगी।” पूरे आंदोलन के दौरान पुलिस और प्रशासन सतर्क रहा, जिससे कहीं भी अप्रिय स्थिति नहीं बनी।



