SAHARSA NEWS/अजय कुमार : ब्रज किशोर ज्योतिष संस्थान के संस्थापक ज्योतिषाचार्य पंडित तरुण झा जी ने बतलाया है की हिन्दु पौराणिक कथाओं के अनुसार,भगवान शिव की पूजा करने के लिए यह दिन को सर्वोपरि माना जाता है, इस साल यह पर्व 26 फरवरी 2025 दिन बुधवार को पर रहा है,त्योहार सर्दियों के अंत का भी प्रतीक है,और माना जाता है कि यह शिव और शक्ति के अभिसरण का भी दिन है,सनातन शास्त्रों में निहित है कि महाशिवरात्रि को देवों के देव महादेव और जगत जननी माता पार्वती का विवाह हुआ था,अतः इस दिन का विशेष महत्व है, ज्योतिषाचार्य पंडित तरुण झा बताते है की ये दिन “गौड़ीशंकर” विवाह उत्सव के रूप में मनाया जाना चाहिए।शिवरात्रि को जन्म जन्मांतर तक भ्रमित जीव मात्र को शिवआराधना पूजा से भय एवं शोक से मुक्ति मिलती है। ‘जन्तुजन्म सहस्रेषु भ्रमन्ते नात्र संशय:’।बाबा को पुष्प, बिल्वपत्र,भाँग,धतूरा,एवं दूध से जरूर स्नान करवाये, संभव हो तो इस दिन रुद्राभिषेक भी करवाये,इसका फल अन्य दिनों के अपेक्षा काफ़ी ज्यादा फलदाई है।
SAHARSA NEWS /26 फरवरी बुधवार को होगी महाशिवरात्री का व्रत एवं पूजा : पंडित तरुण झा




