पूर्णिया: Purnia News पूर्णिया जिले के डगरूआ प्रखंड में आशा कार्यकर्ता की बहाली को लेकर बड़ा भ्रष्टाचार सामने आया है। 31 जुलाई को आयोजित पंचायत समिति की बैठक में तेघड़ा पंचायत समिति सदस्य हबीबुर्रहमान ने चौंकाने वाला आरोप लगाते हुए कहा कि बहाली के नाम पर 1 लाख 80 हजार रुपये की रिश्वत मांगी गई। इस गंभीर मामले ने बैठक में मौजूद जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों को सकते में डाल दिया। बैठक में बायसी के विधायक सैयद रुकनुद्दीन अहमद, प्रखंड प्रमुख रितेश कुमार, उपप्रमुख मुजाहिद सुल्तान, मुखिया प्रतिनिधि सहित कई जनप्रतिनिधि मौजूद थे।
हबीबुर्रहमान ने आरोप लगाया कि तेघड़ा पंचायत के वार्ड संख्या 5 की महिला शमा परवीन और उनके पति से आशा पद पर चयन के लिए मोटी रकम की मांग की गई। उन्होंने पंचायत के मुखिया पति मोहम्मद कैसर आलम और डगरूआ प्रखंड की ब्लॉक कम्युनिटी मैनेजर (बीसीएम) प्रियंका कुमारी पर सीधे तौर पर रिश्वत मांगने का आरोप लगाया है। शिकायतकर्ता ने बताया कि बहाली प्रक्रिया बिना आमसभा के पूरी कर दी गई, जो नियमों का उल्लंघन है और पूरे चयन को संदेह के घेरे में डालता है।
इस मामले में पीड़ित पक्ष ने जिले के वरीय पदाधिकारियों से शिकायत की है और डिप्टी सीएमओ तथा जिलाधिकारी, पूर्णिया को आवेदन देकर निष्पक्ष जांच और दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग की है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि प्रशासन इन आरोपों को कितनी गंभीरता से लेता है और क्या वास्तव में जांच कर दोषियों को सजा दिलाई जाती है, या यह मामला भी अन्य मामलों की तरह दबा दिया जाएगा।



