फारबिसगंज (अररिया): कटिहार-जोगबनी रेलखंड पर पिछले कई दिनों से जारी रेल अव्यवस्था और यात्रियों को हो रही परेशानियों को लेकर नागरिक संघर्ष समिति ने मोर्चा खोल दिया है। मंगलवार को समिति के सदस्यों ने फारबिसगंज स्टेशन मास्टर के माध्यम से कटिहार रेल मंडल प्रबंधक (DRM) के नाम एक ज्ञापन सौंपा, जिसमें रेल सेवाओं में सुधार की पुरजोर मांग की गई।
मुख्य मांगें: मेमू ट्रेन और दैनिक परिचालन
नागरिक संघर्ष समिति ने ज्ञापन के जरिए रेलवे प्रशासन के समक्ष निम्नलिखित प्रमुख मांगें रखी हैं:
डेमू की जगह मेमू: बार-बार खराब हो रहे डेमू रैक को हटाकर इस रूट पर आधुनिक मेमू (MEMU) ट्रेन का परिचालन शुरू किया जाए। जोगबनी से कोलकाता के बीच चलने वाली चितपुर एक्सप्रेस (13160/13159) को सप्ताह में तीन दिन के बजाय प्रतिदिन चलाया जाए। यात्रियों के बढ़ते दबाव को देखते हुए दोपहर 1:00 बजे एक अतिरिक्त जोड़ी ट्रेन चलाने की मांग की गई है।
‘जुगाड़’ वाले परिचालन से यात्री बेहाल
संघर्ष समिति ने रेलवे का ध्यान डेमू सवारी गाड़ी की वर्तमान स्थिति की ओर आकृष्ट कराया।
इंजन रिवर्सल का संकट: डेमू रैक में खराबी के कारण अतिरिक्त डीजल इंजन जोड़कर ट्रेन चलाई जा रही है। टर्मिनल स्टेशनों पर इंजन को दूसरी तरफ लगाने की प्रक्रिया में ट्रेनें घंटों विलंब हो रही हैं। ट्रेनों में बोगियों की संख्या कम होने के कारण महिलाओं, छात्रों और बुजुर्ग यात्रियों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
“जनता की समस्याओं की अनदेखी बर्दाश्त नहीं”
ज्ञापन सौंपने के दौरान समिति के अध्यक्ष शाहजहां शाद और सचिव रमेश सिंह ने कहा कि सीमांचल के यात्रियों के साथ सौतेला व्यवहार किया जा रहा है। यदि जल्द ही इन समस्याओं का निराकरण नहीं हुआ, तो समिति आंदोलन को और तेज करेगी।
प्रतिनिधिमंडल में शामिल सदस्य: ज्ञापन सौंपने के दौरान मुख्य रूप से अध्यक्ष शाहजहां शाद, सचिव रमेश सिंह, वाहिद अंसारी, राहिल खान और विद्यानंद पासवान सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद थे।



