Pahalgam attack : जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल 2025 को हुए भीषण आतंकी हमले ने पूरे देश को हिलाकर रख दिया, जिसमें 26 लोग मारे गए, जिनमें ज्यादातर पर्यटक थे। जांच में सनसनीखेज खुलासा हुआ कि इस हमले की साजिश के तार 26/11 मुंबई हमलों के मास्टरमाइंड और लश्कर-ए-तैयबा (LeT) के सरगना हाफिज सईद से जुड़े हैं। लश्कर की छद्म शाखा द रेजिस्टेंस फ्रंट (TRF) ने हमले की जिम्मेदारी ली, जिसके पीछे LeT के डिप्टी चीफ सैफुल्लाह खालिद उर्फ सैफुल्लाह कसूरी मुख्य साजिशकर्ता के रूप में उभरा। खालिद, जो हाफिज सईद का करीबी सहयोगी है, ने पिछले दो महीनों में पाकिस्तानी सेना के साथ मिलकर इस हमले की योजना बनाई। हमले में पांच आतंकियों, जिनमें तीन पाकिस्तानी (हाशिम मूसा, अली भाई, और एक अज्ञात) और दो स्थानीय आतंकी (अब्दुल हुसैन थोकर और आसिफ शेख) शामिल थे, ने बैसरण मीडो में पर्यटकों की धार्मिक पहचान पूछकर अंधाधुंध गोलीबारी की। इस हमले में नौसेना के लेफ्टिनेंट विनय नरवाल, वायुसेना के अधिकारी तागे हैलयांग, और स्थानीय पونیवाला सैयद आदिल हुसैन शाह शहीद हुए। सुरक्षा चूक के कारण बैसरण में कोई पुलिस बल मौजूद नहीं था। भारत ने जवाबी कार्रवाई में इंडस वाटर ट्रीटी को निलंबित कर दिया, पाकिस्तानी नागरिकों के वीजा रद्द किए, और दोनों देशों ने राजनयिक कर्मचारियों की संख्या 55 से 30 तक कम की। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आतंकियों को कड़ी सजा का वादा किया, जबकि गृह मंत्री अमित शाह ने पीड़ित परिवारों से मुलाकात की। जम्मू-कश्मीर पुलिस ने तीन आतंकियों के स्केच जारी किए और प्रत्येक की जानकारी के लिए 20 लाख रुपये के इनाम की घोषणा की। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर फ्रांस, रूस, अमेरिका और श्रीलंका ने हमले की निंदा की।
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