पीजी चतुर्थ सेमेस्टर नामांकन को लेकर पूर्णिया विश्वविद्यालय ने जारी की विस्तृत गाइडलाइन

16 मई को ही जारी हो गई थी अधिसूचना, छात्रों के हित में कई अहम निर्देश

पूर्णिया : पूर्णिया विश्वविद्यालय, पूर्णिया द्वारा पी.जी. चतुर्थ सेमेस्टर (सत्र 2024-26) में नामांकन को लेकर अधिसूचना 16 मई को ही जारी कर दी गई थी। छात्र कल्याण अध्यक्ष कार्यालय की ओर से जारी इस सूचना में नामांकन प्रक्रिया को व्यवस्थित एवं पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से आवश्यक दस्तावेज, शुल्क एवं पात्रता से संबंधित विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।

अधिसूचना के अनुसार नामांकन के लिए छात्रों को एडमिशन फॉर्म, रजिस्ट्रेशन कार्ड की स्व-अभिप्रमाणित प्रति, सेमेस्टर-I, II एवं III की मार्कशीट/टीआर, संबंधित सेमेस्टरों के एडमिट कार्ड, पूर्व नामांकन रसीद, आधार कार्ड तथा लागू होने पर जाति प्रमाण-पत्र जमा करना अनिवार्य होगा। विश्वविद्यालय ने स्पष्ट किया है कि सभी दस्तावेज सेल्फ अटेस्टेड होने चाहिए, ताकि प्रक्रिया में पारदर्शिता बनी रहे।

विश्वविद्यालय ने नामांकन पात्रता को लेकर भी स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए हैं। चौथे सेमेस्टर में नामांकन के लिए छात्र का सेमेस्टर-I के सभी पत्रों में उत्तीर्ण होना अनिवार्य होगा। वहीं सेमेस्टर-II एवं III में कम-से-कम तीन-तीन पत्रों में पास होना आवश्यक बताया गया है। विश्वविद्यालय का मानना है कि इससे शैक्षणिक गुणवत्ता बनाए रखने में मदद मिलेगी और छात्रों को नियमित अध्ययन के प्रति प्रोत्साहन मिलेगा।

नामांकन शुल्क के तहत प्रैक्टिकल विषयों के छात्रों के लिए 2560 रुपये तथा नॉन-प्रैक्टिकल विषयों के लिए 2060 रुपये निर्धारित किए गए हैं। वहीं SC/ST वर्ग एवं सभी वर्ग की महिला छात्राओं के लिए नामांकन निशुल्क रखा गया है, जिसे छात्र हित में महत्वपूर्ण निर्णय माना जा रहा है।

विश्वविद्यालय प्रशासन ने यह भी निर्देश दिया है कि छात्र अपने-अपने विभाग से फॉर्म सत्यापित कराने के बाद ही नामांकन प्रक्रिया पूरी करें। साथ ही चालान की प्रति जमा करना भी अनिवार्य होगा। नामांकन का समय सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक निर्धारित किया गया है।

छात्रों का कहना है कि यदि विश्वविद्यालय इसी तरह समय पर अधिसूचना जारी कर प्रक्रिया को स्पष्ट रखे, तो विद्यार्थियों को अनावश्यक परेशानी से राहत मिल सकती है। वहीं कई विद्यार्थियों ने लंबित रिजल्ट एवं दस्तावेज संबंधी समस्याओं के त्वरित समाधान की भी मांग की है, ताकि किसी भी छात्र का नामांकन प्रभावित न हो।