अररिया जेल में छाई हँसी की लहर—लाफिंग बुद्धा के आगमन से बदला माहौल”

अररिया: अररिया मंडल कारा में सोमवार को कुछ ऐसा हुआ जो शायद ही पहले कभी हुआ हो। प्रख्यात प्रेरक वक्ता और लाफिंग बुद्धा सामाजिक ट्रस्ट के संस्थापक नागेश्वर दास ने जैसे ही जेल परिसर में कदम रखा, पूरा माहौल हँसी-खुशी से गूँज उठा। कैदियों के लिए आयोजित विशेष “लाफिंग मोटिवेशन” सत्र में नागेश्वर दास ने ठहाके लगवाते हुए बताया कि हँसी न केवल मन को हल्का करती है, बल्कि तनाव दूर कर इंसान को शांत, विनम्र और क्षमाशील भी बनाती है।

लंबे समय से बंदी जीवन की एकरसता झेल रहे कैदियों ने पहले तो संकोच किया, लेकिन नागेश्वर दास के अनूठे अंदाज़ और हँसी के अभ्यासों ने कुछ ही मिनटों में सबको खुलने पर मजबूर कर दिया। कई कैदियों ने बताया कि महीनों-वर्षों बाद वे इतने बेफिक्र होकर हँसे हैं। सत्र के दौरान पूरा जेल परिसर ठहाकों से गूँजता रहा और कैदी से लेकर अधिकारी तक सब एक साथ हँसते दिखे।

Bihar News

जेल अधीक्षक राजीव कुमार झा ने कार्यक्रम की भूरि-भूरि प्रशंसा करते हुए कहा, “नागेश्वर दास जी का आना हमारे लिए सौभाग्य की बात है। उनका तरीका इतना असरदार है कि कैदियों के चेहरे पर तुरंत बदलाव दिख रहा है। सरकार को ऐसे व्यक्तित्व को सभी जेलों में नियमित काउंसलर बनाना चाहिए।” जेलर रवि उपाध्याय ने भी इसे कैदियों के मानसिक स्वास्थ्य के लिए बेहद कारगर बताया।

कार्यक्रम के अंत में हुए सामूहिक हँसी अभ्यास में कैदी, जेल स्टाफ और सुरक्षाकर्मी सभी शामिल हुए। कुछ पलों के लिए अररिया मंडल कारा हँसी का अखाड़ा बन गया। जाते-जाते नागेश्वर दास ने सभी से वादा लिया कि रोज़ कम से कम दस मिनट बिना वजह हँसेंगे—ताकि मन हमेशा हल्का रहे। इस अनोखे सत्र ने एक बार फिर साबित कर दिया कि हँसी की कोई दीवार नहीं होती—वो हर बंदिश को तोड़कर सीधे दिल तक पहुँच जाती है।

TAGGED:
Share This Article
अंग इंडिया न्यूज़ एक समर्पित डिजिटल न्यूज़ पोर्टल है जो भारत की सांस्कृतिक गहराइयों, सामाजिक मुद्दों और जन-आवाज को निष्पक्षता और संवेदनशीलता के साथ प्रस्तुत करता है। हमारा उद्देश्य है—हर क्षेत्र, हर वर्ग और हर भाषा को प्रतिनिधित्व देना, ताकि खबरें सिर्फ सूचनाएं न रहें, बल्कि बदलाव की प्रेरणा बनें। हम न सिर्फ राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय घटनाओं को कवर करते हैं, बल्कि उन कहानियों को भी उजागर करते हैं जो आमतौर पर मुख्यधारा से दूर रह जाती हैं। अंग इंडिया न्यूज़ का हर लेख, हर रिपोर्ट और हर विश्लेषण एक सोच के साथ लिखा जाता है—"जनता की नज़र से, जनता के लिए।"
- Advertisement -

आपके लिए ख़ास ख़बर