PURNIA NEWS : धमदाहा प्रखंड के चिकनी डुमरिया पंचायत में आयोजित दीदी से दिल की बात कार्यक्रम में बिहार सरकार की खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री लेशी सिंह ने कहा कि वो दिन अब बीत गए जब महिला सिर्फ घर की चौखट तक सीमित रहती थी। आज महिलाएँ डॉक्टर बनकर जीवन बचा रही हैं, वैज्ञानिक बनकर नए आविष्कार कर रही हैं, पुलिस और सेना में देश की सुरक्षा कर रही हैं, पायलट बनकर आसमान की ऊँचाइयाँ छू रही हैं और राजनीति में आकर जनकल्याणकारी फैसले ले रही हैं। मंत्री ने कहा, “मैं स्वयं एक महिला हूँ, इसलिए आपकी हर समस्या को दिल से महसूस करती हूँ। धमदाहा की बागडोर महिला के हाथ में है, और यही वजह है कि यहाँ विकास की रफ्तार कभी थमती नहीं।” उन्होंने याद किया कि पहली बार चुनाव जीतने के बाद उन्होंने बहु-बेटी की तरह पूरे विधानसभा क्षेत्र का सम्मान और समस्याओं का समाधान किया।
लेशी सिंह ने कहा कि महिलाओं ने यह साबित कर दिया है कि वे केवल सहनशीलता की मूर्ति नहीं, बल्कि हर चुनौती का डटकर सामना करने वाली अदम्य शक्ति हैं। जिस समाज में महिलाएँ सुरक्षित और शिक्षित होती हैं, उसकी तरक्की कोई नहीं रोक सकता। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में महिलाओं की सोच में बदलाव आने का ज़िक्र करते हुए मंत्री ने कहा कि गाँव की चौखट तक सीमित रहने वाली बेटियाँ अब आत्मविश्वास से स्कूल, कॉलेज और दफ़्तर तक पहुँच रही हैं। पहले जो सपने देखना मुश्किल था, अब उन्हें पूरा करना आसान हो गया है। जीविका दीदियाँ अब किसी पर बोझ नहीं, बल्कि अपने परिवार की रीढ़ बन चुकी हैं। कार्यक्रम का संचालन जदयू नेत्री शबनम कुमारी ने किया। मौके पर रंभा देवी, सीता देवी, कैली देवी, सोनेला देवी, यशोदा देवी, हेमा देवी और एलिजा देवी सहित कई महिलाएँ मौजूद रहीं।



