अंग इंडिया संवाददाता/अररिया/
बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रही नीतीश सरकार की “जीरो टॉलरेंस” नीति के तहत निगरानी अन्वेषण ब्यूरो ने मंगलवार को अररिया जिले में बड़ी कार्रवाई की। नरपतगंज अंचल में पदस्थापित राजस्व कर्मचारी इम्तियाज आलम को 15 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया। यह कार्रवाई पटना से आई निगरानी विभाग की विशेष टीम ने की।
जानकारी के अनुसार, एक स्थानीय नागरिक ने निगरानी विभाग में शिकायत दर्ज कराई थी कि उसकी जमीन के दाखिल-खारिज (म्यूटेशन) आवेदन में नाम और रकबा से जुड़ी त्रुटियों को सुधारने के बदले राजस्व कर्मचारी द्वारा 15 हजार रुपये की अवैध मांग की जा रही थी। शिकायतकर्ता का आरोप था कि बिना रिश्वत दिए कर्मचारी काम करने से साफ इनकार कर रहा था।
शिकायत के सत्यापन के बाद निगरानी विभाग ने जाल बिछाया। जैसे ही पीड़ित ने नरपतगंज स्थित कार्यालय के पास केमिकल लगे नोट इम्तियाज आलम को सौंपे, पहले से तैनात निगरानी टीम ने उसे मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तारी के बाद आरोपी राजस्व कर्मचारी को पटना ले जाया गया है, जहां उसे निगरानी की विशेष अदालत में पेश किया जाएगा। इस कार्रवाई से नरपतगंज अंचल कार्यालय सहित पूरे जिले के प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है। वहीं स्थानीय लोगों ने निगरानी विभाग की तत्परता की सराहना करते हुए इसे भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त संदेश बताया है।



